Spiritual Society for Krishna Organisation (SKON) श्रीकृष्ण भक्ति और सनातन वैदिक परम्परा के प्रति समर्पित संस्था है।
SKON का प्रयास है कि भक्तों और श्रद्धालुओं को भक्ति, भगवद्गीता अध्ययन, सत्संग, साधना, संस्कृति और सेवा से जुड़ने के अवसर मिलें।
आध्यात्मिक जीवन हमारे लिए केवल पूजा या अनुष्ठान तक सीमित नहीं है। इसका संबंध व्यक्ति के विचार, आचरण, जिम्मेदारी, संस्कार और समाज के प्रति दृष्टिकोण से भी है।
अध्ययन एवं प्रवचन
हरिनाम संकीर्तन
समाज सेवा कार्य
कार्यक्रमों में उपलब्धता और स्थानीय व्यवस्था के अनुसार जप, नाम-स्मरण, भगवद्गीता अध्ययन, सत्संग, हरिनाम संकीर्तन और सेवा से जुड़े आयोजन शामिल हो सकते हैं।
जप • नाम-स्मरण • आध्यात्मिक साधना
भगवद्गीता अध्ययन • सत्संग • सेवा
हरिनाम संकीर्तन • भजन • सत्संग
भगवान को अर्पित प्रसाद की सेवा एवं वितरण।
हरिनाम जप
गीता अध्ययन
आध्यात्मिक अभ्यास
भक्तों का संग
हरिनाम कीर्तन
समाज सेवा
कृष्णभावना श्रीकृष्ण के प्रति श्रद्धा, उनके पवित्र नाम का स्मरण और उनके उपदेशों को समझने तथा जीवन में आत्मसात करने की एक आध्यात्मिक यात्रा है।
कृष्णभावना के बारे में जानें →संस्था सामूहिक आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक यात्राओं का आयोजन करती है। श्रद्धालु तीर्थों, धार्मिक एवं सांस्कृतिक स्थलों के दर्शन करते हैं।
SKON का संकल्प है कि यात्राओं के माध्यम से विश्व भ्रमण कराने के साथ-साथ श्रीहरि संकीर्तन से लोगों को भक्ति, संस्कार और संस्कृति से जोड़ा जाए।
श्रीराधा-कृष्ण भक्ति की यह परम्परा भारत से संसार के विभिन्न स्थानों तक पहुँचे और अधिक से अधिक लोग इससे जुड़ें - यही हमारा प्रयास है।